Saturday, December 14, 2019

Best Hindi Poem On Life | Never Feel Alone | क्या तकदीर पर रोना |

Best Hindi Poem On Life | Never Feel Alone.



क्या तकदीर  पर रोना
क्या खोना क्या पाना
जमाने भर की चिंता को
यही पर  है छोड़ जाना

जहा पर वक्त थम जाए
वही से देखना खुदको
जो हरपल साथ रहता था
वही अब समझे बेगाना

तजुर्बा इस जमाने का
खुदा खुद को बताने का
जहा जाओ वही पाओ
ये खुदगर्जी जमाने का

बनी है लेखनी हमदर्द
अब तो साथ रहती है
ये रुकती भी भला कैसे
देख जलवे जमाने का

कोई भी रास्ता ना मिल सका 
भटके मुसाफिर को
सहारा लेखनी का था
मुझे मंजिल को पाने का


कवि मनीष कुमार तिवारी


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